20 महीने की मजदूरी मांगना पड़ा भारी! मालिक ने बंधक बनाकर बेल्ट-लाठियों से जानवरों जैसा पीटा, शरीर हरा-नीला पड़ गया – labourer-kidnapped-beaten-for-demanding-20-months-salary-javad-khadawada
20 महीने की मजदूरी मांगना पड़ा भारी! मालिक ने बंधक बनाकर बेल्ट-लाठियों से जानवरों जैसा पीटा, शरीर हरा-नीला पड़ गया – labourer-kidnapped-beaten-for-demanding-20-months-salary-javad-khadawada
मध्य प्रदेश के नीमच जिले में एक मजदूर को 20 महीने की बकाया मजदूरी मांगना महंगा पड़ गया। आरोप है कि मालिक और उसके साथियों ने चाय की दुकान से अगवा कर खेत के कमरे में बंधक बनाया और पूरी रात बेल्ट व लाठियों से बेरहमी से पीटा। पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
नीमच में मजदूरी मांगने पर युवक को बंधक बनाकर बेल्ट व लाठियों से बेरहमी से पीटा
नीमच: 20 महीने की मजदूरी मांगना एक मजदूर को भारी पड़ गया। बकाया पैसे मांगने से नाराज मालिक ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर मजदूर को अगवा किया, फिर खेत पर बने कमरे में रातभर बंधक बनाकर बेल्ट और लट्ठ से बेरहमी से पीटा। मारपीट में मजदूर का मोबाइल भी तोड़ दिया। अगले दिन सुबह रिश्तेदारों के पहुंचने पर उसे छुड़ाया गया। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
20 महीने में दिए सिर्फ 20 हजार रुपए खड़ावदा गांव के रहने वाले सुरेश जाट (35) ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह पिछले दो साल से अशोक कुमार जाट के यहां कुल्फी का टेम्पो चलाने का काम करता था। मालिक ने 12 हजार रुपए महीना वेतन तय किया था, लेकिन पिछले 20 महीनों में उसे सिर्फ 20 हजार रुपए ही दिए गए। सुरेश जब भी अपने बकाया पैसों की मांग करता, तो अशोक टालमटोल कर देता था। पांच दिन पहले जब उसने फिर से अपना हक मांगा, तो मालिक ने साफ मना कर दिया। इससे परेशान होकर उसने काम छोड़ दिया और नीमच के विजय टॉकीज चौराहे के पास एक चाय की दुकान पर काम करने लगा।
चाय की दुकान से झांसा देकर ले गए
सुरेश के मुताबिक 23 जुलाई की रात करीब 9 बजे हरिश जाट, पप्पू बैरागी और अशोक जाट एक कार से उसकी चाय की दुकान पर पहुंचे। तीनों ने कहा कि दो दिन में पूरा हिसाब कर देंगे, बस एक बार घर चलो। उनकी बात मानकर सुरेश कार में बैठ गया। आरोप है कि रूपपुरा स्थित खेत पर पहुंचते ही तीनों आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी। अशोक जाट ने बिना बताए काम छोड़ने पर नाराजगी जताई और उसका मोबाइल छीनकर जमीन पर पटक कर तोड़ दिया।
कमरे में बंद कर थ्रेशर की बेल्ट से पीटा
इसके बाद आरोपी उसे खेत पर बने टीन शेड के कमरे में ले गए और बाहर से कुंडी लगा दी। रात में अशोक जाट ने थ्रेशर मशीन की बेल्ट और लट्ठ से उसकी जमकर पिटाई की। बेल्ट के वार से सुरेश की पीठ, जांघ, कुल्हों, हाथ और गर्दन पर गंभीर चोटें आई हैं। मारपीट के दौरान आरोपियों ने उसे धमकी दी कि अगर कहीं और काम किया तो जान से मार देंगे।
पीड़ित पूरी रात दर्द से तड़पता रहा और कमरे में बंद रहा। 24 जुलाई की सुबह जब सुरेश की बहन के ससुर बद्रीलाल जाट और जीजा मुकेश जाट को घटना की जानकारी मिली, तो वे खेत पर पहुंचे। उन्होंने कमरे का दरवाजा खोलकर सुरेश को बाहर निकाला। इसके बाद परिजन उसे थाने लेकर पहुंचे और 24 जुलाई देर शाम पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया।
लेखक के बारे मेंचैतन्य सोनीचैतन्य दास सोनी, नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में कंसलटेंट राइटर (Consultant Writer) हैं। वे मध्य प्रदेश—छत्तीसगढ़ डेस्क पर कार्यरत हैं। उन्हें न्यूज एजेंसी, अखबार, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, मैगजीन में काम करने का 23 साल का लंबा अनुभव है। उन्होंने बतौर रिपोर्टर, सीनियर रिपोर्टर, सब एडिटर के तौर पर फील्ड और डेस्क पर काम किया है। चैतन्य ने सितंबर 2025 में नवभारत टाइम्स ऑनलाइन जॉइन किया था। वे मध्य प्रदेश की राजनीति, ऑफ बीट खबरों, ब्रेकिंग, करंट अफेयर, लीक से हटकर, मौसम, स्पेशल स्टोरी सहित तमाम विषयों पर खबरों को कवर करते हैं। हेल्थ फील्ड में उन्होंने लैंडमार्क स्टोरी की हैं।
शैक्षणिक योग्यता एवं उपलब्धियां
चैतन्य सोनी ने सागर, मप्र स्थित प्रतिष्ठित डॉ. हरीसिंह गौर यूनिवर्सिटी से साल 1998—99 में एम.काम किया था। इसके बाद उन्होंने साल 2001—02 में बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) डिग्री तथा साल 2002—03 में मास्टर और कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MCJ) में डिग्री हासिल की थी। उन्होंने सागर नगर के भीषण जलसंकट पर दो शोधपत्र भी लिखे हैं।
अवॉर्ड/अचीवमेंट्स
मध्य प्रदेश की प्रतिष्ठित ‘संविधान विकास संवाद संस्था’ द्वारा साल 2024—25 में ‘संवैधानिक मूल्यों’ पर आधारित फैलोशिप प्राप्त की है।
बुंदेलखंड का प्रतिष्ठित ‘भोलाराम भारतीय पत्रकारिता पुरस्कार’ एवं ‘पं. हरिवल्लभ सिलाकारी पत्रकारिता पुरस्कार’
साल 2012 में प्रसिद्ध ‘डेल कार्नेगी संस्था’ से भोपाल में ‘राइजिंग टू द नेक्स्ट लेवल’ (Rising To The Next Level) ट्रेनिंग सर्टिफिकेट किया है।
बेस्ट रिपोर्टिंग पुरस्कार, दैनिक भास्कर सागर एडिशन द्वारा प्रदान किया गया।
पत्रकारिता में अनुभव और सफर
चैतन्य सोनी, ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरूआत साल 2001—02 में यूनिवार्ता में ट्रेनी जर्नलिस्ट के तौर पर की थी। उन्होंने देशबंधु अखबार के भोपाल एडिशन में बतौर सब एडिटर सेवाएं दी। उन्होंने दिल्ली में एनएनआई न्यूज एजेंसी में सब एडिटर, शाह टाइम्स में विशेष संवाददाता के तौर पर काम किया। दैनिक जागरण भोपाल, झांसी एडिशन में रिपोर्टर, न्यूज—24 न्यूज चैनल, फिर राज एक्सप्रेस अखबार में संवाददाता के रूप में काम किया। साल 2010 में उन्होंने दैनिक भास्कर, सागर एडिशन में बतौर सब एडिटर/सीनियर रिपोर्ट के तौर पर काम किया। पत्रिका अखबर के सागर एडिशन में सीनियर रिपोर्टर, नवदुनिया बुंदेलखंड एडिशन में सीनियर रिपोर्टर, काम किया। इनके अलावा शुक्रवार मैगजीन, सीनियर इंडिया पत्रिका में बुंदेलखंड/एमपी से स्टोरी की हैं। साल 2022 से डिजीटल मीडिया ज्वाइन किया और द पीएम टाइम्स, वन इंडिया हिन्दी.कॉम व डेली नेशनल टाइम्स सहित अन्य डिजीटल प्लेटफॉर्म पर काम किया है। सितंबर 2025 में नवभारत टाइम्स.कॉम से जुड़े हैं।… और पढ़ें
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